लाइफस्टाइल
बासी रोटी से बनाएं बाजार जैसे कुरकुरे समोसे

आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में हर कोई चाहता है कि घर में बची हुई चीजों का सही इस्तेमाल हो और साथ ही खाने में स्वाद भी बना रहे. अक्सर रात की बची रोटियां अगले दिन फेंक दी जाती हैं या फिर उन्हें दोबारा गर्म करके खा लिया जाता है. लेकिन अगर इन्हीं बासी रोटियों से बाजार जैसे कुरकुरे और स्वादिष्ट समोसे बन जाएं, तो बात ही अलग हो जाएगी. मशहूर कुकिंग एक्सपर्ट पूनम देवनानी ने एक ऐसी आसान रेसिपी शेयर की है, जिसमें न मैदा गूंथने की जरूरत पड़ती है और न ही घंटों तैयारी करनी होती है.
इस रेसिपी की सबसे खास बात यह है कि इसमें गेहूं की बची हुई रोटियों का इस्तेमाल किया जाता है, जिससे खाना भी बर्बाद नहीं होता और एक नया, हेल्दी और स्वादिष्ट नाश्ता तैयार हो जाता है. अगर आप भी शाम की चाय के साथ कुछ कुरकुरा खाना पसंद करते हैं या बच्चों के लिए झटपट स्नैक बनाना चाहते हैं, तो यह रेसिपी जरूर ट्राई करें.
सबसे पहले तैयार करें चटपटा समोसा मसाला
समोसे का स्वाद उसके अंदर भरे मसाले पर निर्भर करता है. सबसे पहले एक पैन में थोड़ा सा तेल गर्म करें. इसमें सौंफ, जीरा, धनिया के बीज, हींग और बारीक कटी हरी मिर्च डालकर हल्का भून लें. इसके बाद लाल मिर्च पाउडर, हल्दी, धनिया पाउडर, आमचूर, काला नमक, गरम मसाला, सामान्य नमक और एक चुटकी चीनी डालें. अब इसमें हरे मटर डालकर कुछ मिनट पकाएं. आखिर में उबले और मैश किए हुए आलू डालें. ऊपर से बारीक कटा हरा धनिया मिलाकर गैस बंद कर दें. आपका स्वादिष्ट समोसा मसाला तैयार है.
समोसे का स्वाद उसके अंदर भरे मसाले पर निर्भर करता है. सबसे पहले एक पैन में थोड़ा सा तेल गर्म करें. इसमें सौंफ, जीरा, धनिया के बीज, हींग और बारीक कटी हरी मिर्च डालकर हल्का भून लें. इसके बाद लाल मिर्च पाउडर, हल्दी, धनिया पाउडर, आमचूर, काला नमक, गरम मसाला, सामान्य नमक और एक चुटकी चीनी डालें. अब इसमें हरे मटर डालकर कुछ मिनट पकाएं. आखिर में उबले और मैश किए हुए आलू डालें. ऊपर से बारीक कटा हरा धनिया मिलाकर गैस बंद कर दें. आपका स्वादिष्ट समोसा मसाला तैयार है.
मैदा की जगह करें बासी रोटी का इस्तेमाल
इस रेसिपी की सबसे बड़ी खासियत यही है कि इसमें मैदा की जरूरत नहीं पड़ती. बची हुई गेहूं की रोटियों को हल्का गर्म कर लें ताकि वे नरम हो जाएं. नरम होने के बाद रोटी आसानी से मुड़ जाती है और फटती भी नहीं. इससे समय भी बचता है और रोटी का सही इस्तेमाल भी हो जाता है.
इस रेसिपी की सबसे बड़ी खासियत यही है कि इसमें मैदा की जरूरत नहीं पड़ती. बची हुई गेहूं की रोटियों को हल्का गर्म कर लें ताकि वे नरम हो जाएं. नरम होने के बाद रोटी आसानी से मुड़ जाती है और फटती भी नहीं. इससे समय भी बचता है और रोटी का सही इस्तेमाल भी हो जाता है.
ऐसे दें समोसे का आकार
हल्की गर्म रोटी पर तैयार आलू का मसाला रखें और उसे बराबर फैला दें. अब रोटी को जरूरत के हिसाब से मोड़ें और समोसे जैसा आकार दें. किनारों को चिपकाने के लिए थोड़ा सा गेहूं के आटे का पतला घोल बना लें. यही घोल गोंद की तरह काम करेगा और समोसा तलते समय खुलेगा नहीं.
हल्की गर्म रोटी पर तैयार आलू का मसाला रखें और उसे बराबर फैला दें. अब रोटी को जरूरत के हिसाब से मोड़ें और समोसे जैसा आकार दें. किनारों को चिपकाने के लिए थोड़ा सा गेहूं के आटे का पतला घोल बना लें. यही घोल गोंद की तरह काम करेगा और समोसा तलते समय खुलेगा नहीं.
तलें या एयर फ्रायर में बनाएं
अगर आप कम तेल वाला विकल्प चाहते हैं तो तैयार समोसों पर हल्का सा तेल ब्रश करें और एयर फ्रायर में सुनहरा होने तक पकाएं. अगर पारंपरिक स्वाद पसंद है तो मध्यम गर्म तेल में इन्हें सुनहरा और कुरकुरा होने तक तल लें. दोनों तरीकों में समोसे बेहद स्वादिष्ट बनते हैं.
अगर आप कम तेल वाला विकल्प चाहते हैं तो तैयार समोसों पर हल्का सा तेल ब्रश करें और एयर फ्रायर में सुनहरा होने तक पकाएं. अगर पारंपरिक स्वाद पसंद है तो मध्यम गर्म तेल में इन्हें सुनहरा और कुरकुरा होने तक तल लें. दोनों तरीकों में समोसे बेहद स्वादिष्ट बनते हैं.
क्यों खास है बासी रोटी का समोसा
यह रेसिपी केवल स्वाद ही नहीं बल्कि समझदारी भी सिखाती है. बची हुई रोटियां फेंकने की जरूरत नहीं पड़ती. गेहूं की रोटी होने की वजह से इसमें मैदा की तुलना में ज्यादा फाइबर होता है. आटा गूंथने और बेलने का समय भी बच जाता है. इसलिए यह झटपट बनने वाला हेल्दी स्नैक माना जा सकता है.
यह रेसिपी केवल स्वाद ही नहीं बल्कि समझदारी भी सिखाती है. बची हुई रोटियां फेंकने की जरूरत नहीं पड़ती. गेहूं की रोटी होने की वजह से इसमें मैदा की तुलना में ज्यादा फाइबर होता है. आटा गूंथने और बेलने का समय भी बच जाता है. इसलिए यह झटपट बनने वाला हेल्दी स्नैक माना जा सकता है.



